नव वर्ष

new year

नवीन वर्ष का नव प्रभात आज छा रहा,
आशाओं का प्रकाश फिर धरा पर बिखरा रहा,
उत्साह है, उमंग है आनंद की तरंग है,
स्वतंत्र राग फिर नया सुखद कोई सुना रहा।
नवीन वर्ष का नव………………

धरा नवी फिज़ा नवीन, संकल्प भी नवीन है,
बदलते दौर में सृजन भी कुछ नवीन है,
नवीन वर्ष अब हमें नवीन पथ दिखा रहा,
छंद-राग मुक्त भाव अंतस् है गुनगुना रहा।
नवीन वर्ष का नव……………..

कर्म की गति नवीन, विचार भी नवीन है,
शिल्प भी नवीन है, कर्णधार भी नवीन है,
कल्पना की उड़ान भर, आसमान ये नवीन है,
अजेय शिखर पर दृढ़ता सशक्त प्रगतिशील है।
नवीन वर्ष का नव……………..

बीता पल गुजर गया, कठिन दौर निकल गया,
जीवन झंझावात में बहुत कुछ बिसर गया,
भावनाएं आहत हुई,संयम भी सुप्त हो गया,
उम्मीद की नई दिशा भविष्य मुस्कुरा रहा,
नवीन वर्ष का नव…………….

श्रेष्ठ चिंतन बढ़े, व्यवहार उत्तम बने,
प्यार सहकार से मानव समुन्नत बनें,
शुभकामना यहि मेरा मन दोहरा रहा,
नव वर्ष मंगलमय हो भाव ये जगा रहा।
नवीन वर्ष में नव प्रभात आज छा रहा।

Photo by Danil Aksenov on Unsplash

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About ममता कानुनगो 7 Articles
मैं ममता कानुनगो इंदौर से सभी को नमन! मै एक गृहिणी हूं। शिक्षा-एम.ए एवं शास्त्रीय गायन में विशारद हूं।लेखन और गायन में मेरी बचपन से रुचि है।
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