बिटिया चली ससुराल

indian bride

हमें रोता छोडकर देखो, बिटिया चली ससुराल ।
क्षण मे गुजर गये ये साल ,बिटिया चली ससुराल ।

हृदय से तुझे दूँ कैसे निकाल ,
बिटिया चली ससुराल ।

बिटिया तुझसे कहूँ इक बात जरूरी ,
तुझ बिन मैं थी आधी अधूरी ।

याद आती तेरी तुतलाती बोली ,
नन्हे हाथों से बनी वो पहली रंगोली ।

दीप स्नेह का सदा जलाना,
बडों को सदा आदर है देना ।

रिश्तों को अपने दिल से निभाना,
दोनों ही कुलों का मान बढाना ।

दामाद जी दे रहे आपको कलेजा निकाल ,
नादान है ये ना करना बेहाल ।

फुलवारी तेरी महकती रहे सदा ,
आशीष देती माँ चूमके कपाल ।

नदियां के दो किनारे है बिटिया का संसार ,
जीवन है आधा इस तरफ आधा है उस पार ।

Photo by Christopher Brown on Unsplash

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About पूजा करे 4 Articles
मैं श्रीमती पूजा प्रदीप करे , वास्तुशास्त्र मे एम. ए. ,डी.ए.वी.वी.इंदौर से योगा मे सर्टिफिकेट कोर्स. पहले लिखने पढने का बहुत शौक था , अब उम्र के इस दौर मे शौक फिर से सर उठा रहा है कोशिश कर रही हूं।
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