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वीणा विपुल

कविता

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कविता

सही गलत के शोर में मन

सही और गलत के बीच उलझन में, गुरु के बिना हरि को पाना मुश्किल है। धार्मिक स्थलों की पूजा में असली सेवा का महत्व समझें।

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