प्रार्थना

प्रार्थना

हो भोर तुम्हीं और साँझ तुम्हींनभ भी तुम ,पाताल तुम्हीं,है धरा तुम्हारी, व्याप्त रहोतुम मार्ग मेरा प्रशस्त करो !!शीत हरो, सब ताप हरो ,मन के […]

आनंद

माघ

9 फ़रवरी, 2021 विभा भटोरे 0

माघ माह अलबेला है,आज तू ना अकेला हैजा रहे है आमजन,तू भी चल आनन्द की बेला है।स्नान का पर्व भी होता है!!!देख संतों का रेला […]

भँवरा

मोक्ष

9 फ़रवरी, 2021 वीणा मंडलोई 0

आँखें खोलते ही ,नन्हा भँवराऊपर देखता है ,एक रोशनी उसे बुलाती हैवो उड़ान भरता है ,ज्यादा ऊँची नही ,,बस थोड़ा ही ऊपर ,खुश हो नीचे […]

mask

क्या कहे बीता साल क्या ले गया

किसी बूढ़ी आखों की उम्मीदेंकिसी युवा की ख्वाइशें ।क्या क्या नही ले गया।कहने को पूरा साल था ,लेकिन करने को कुछ नही किया।छोटे छोटे नन्हे […]

बाल

बाल मजदूरी

मन चंचल मन बावरा मनसमझ ना पाएखेलने की उम्र में बालक बोझ ढोतानजर आएयह कैसी मजबूरी बचपन हाथों सेनिकला जाएकर में किताब की जगह बोझ […]

जीवन (जी-वन)

8 फ़रवरी, 2021 वाणी गुप्ता 2

हमारा जीवन उस वन की तरह है।जिसमे सब कुछ है हरा-भरालेकिन फिर भी है सुनसान और अकेला ||जिसके एक पल चमकती धूप,तो अगले पल घना […]

समर्पण

नारी। जीवन का मंत्र है समर्पणजिसने स्वयं का सर्व स्व किया अपर्णहर भाव है निश्छल आया न किया न कभी छलत्याग की मूर्ति सेवा में […]

मैं किसे बताऊं

मैं किसे बताऊं

8 फ़रवरी, 2021 पूर्वा शुक्ला 0

सबकी परेशानियों को सुन लूंपर अपनी परेशानी किसे सुनाऊं सबके दर्द की दवा बताऊंपर अपना दर्द मैं किसे दिखाऊं सबके होठों पर मुस्कुराहट लाऊंपर मेरी […]

बसंत

बसंत

8 फ़रवरी, 2021 सुभाष शर्मा 0

खिल उठी सूर्य किरण,लाली लेकर जागी भोर।बागिया में बोले पपिहा,अमराई में नाच उठे मोर। ओढ़ के दुशाला बासंती,पवन चली लेकर मस्ती।महक उठा जग ये सारा,फूल […]

स्वेटर में बच्चे

बाल गोपाल, करते धमालसुंदर से, न्यारे से, लाल स्वेटर में बच्चेजैसे कोई खिलता हुआ गुलाब,इतना लाजवाबकि कोई सुंदर ख्वाबहमारी आंखों के सामने…लगता है नाचने..बच्चों की […]

Udaan

उड़ान सपनों की

ख़्वाबों के परिंदों, चल पड़ो उस डगरजहाँ मयस्सर हो तुम्हारे सपनों का सफ़र वहशत न रखना की रास्ता पथरीला हैं,चलना शुरू करो तो हर सफ़र […]

एहसास

एहसास

समंदर की लहरें जब भीमुझसे टकराती है ,तब तब मुझे तेरीयाद सताती है । लहराती हवा जबमहसूस करता हूँ मैं ,तू झूमती हुईनज़र आती है […]

relaax

आज कुछ अलग हो

3 फ़रवरी, 2021 सुषमा चौरे 0

आज कोई काम हाथ में मत लो।बरामदे में रखी कुर्सी पर बैठो, और लकड़ी की मेज़ पर पैर फैला लो,और तब तक बैठो जब तक, […]